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Period अनियमित है। थकान रहती है। वज़न बढ़ रहा है। बाल झड़ रहे हैं।

Doctor ने कहा PCOS है। दूसरे doctor ने thyroid test कराया, उसमें भी गड़बड़ी निकली।

अब confusion है कि यह दोनों एक साथ कैसे हो सकते हैं? और period की problem PCOS की वजह से है या thyroid की?

यह confusion बहुत आम है क्योंकि PCOS और thyroid दोनों के लक्षण इतने मिलते-जुलते हैं कि एक को दूसरे से अलग करना मुश्किल होता है। और जब दोनों एक साथ हों, तो असर और भी ज़्यादा होता है।

डॉ. कौशल पटेल, iSHA Women’s Hospital & IVF Centre, वापी, इस लेख में यह पूरा रिश्ता समझा रहे हैं। क्या PCOS और thyroid एक साथ हो सकते हैं, दोनों मिलकर पीरियड पर कैसा असर डालते हैं, और इलाज कैसे होता है।

क्या PCOS और थायराइड एक साथ हो सकते हैं

हाँ। और यह उतना uncommon नहीं है जितना लगता है।

PCOS और thyroid disorder, खासकर hypothyroidism, दोनों reproductive age की महिलाओं में बहुत आम हैं। और इनके लक्षण इतने similar हैं कि doctor भी अक्सर recommend करते हैं कि जब PCOS की जांच हो तो thyroid भी साथ में check हो।

वापी और South Gujarat में iSHA Women’s Hospital में आने वाली बहुत सी महिलाओं में PCOS की जांच के दौरान thyroid की गड़बड़ी भी पकड़ी जाती है। दोनों अलग-अलग conditions हैं लेकिन एक साथ रहने पर एक-दूसरे को और बिगाड़ते हैं।

PCOS और थायराइड के लक्षण इतने मिलते-जुलते क्यों हैं

यह समझने के लिए दोनों conditions के common लक्षणों पर नज़र डालें:

  • अनियमित पीरियड
  • वज़न बढ़ना जो कम न हो
  • बाल झड़ना
  • थकान और energy की कमी
  • मूड में बदलाव, चिड़चिड़ापन
  • pregnancy में दिक्कत

यह सारे लक्षण दोनों में हो सकते हैं।

फर्क यह है कि PCOS में इसके अलावा चेहरे पर बाल, acne, और sonography में multiple follicles होते हैं। Thyroid में dry skin, ठंड ज़्यादा लगना, और आवाज़ भारी होना जैसे additional signs हो सकते हैं।

लेकिन जब दोनों एक साथ हों, तो यह समझना बहुत मुश्किल हो जाता है कि कौन सा symptom किस condition की वजह से है।

pcos aur thyroid ka period par asar: दोहरा असर कैसे होता है

अकेले PCOS में पीरियड अनियमित होता है क्योंकि ovulation नहीं होता।

अकेले thyroid की गड़बड़ी में भी पीरियड बिगड़ता है क्योंकि thyroid hormone reproductive cycle को directly affect करता है।

जब दोनों एक साथ हों, तो पीरियड पर दो अलग-अलग दिशाओं से असर होता है और situation और complicated हो जाती है।

Hypothyroidism (thyroid कम होना) + PCOS

Hypothyroidism में thyroid hormone कम बनती है। इससे metabolism slow होता है, वज़न बढ़ता है, और एक हॉर्मोन जिसे prolactin कहते हैं वह बढ़ जाता है।

Prolactin का बढ़ना ovulation को और रोकता है। PCOS में ovulation पहले से कम थी, hypothyroidism उसे और कम कर देता है। नतीजा: पीरियड और ज़्यादा अनियमित, या बिल्कुल बंद।

साथ ही, hypothyroidism PCOS की insulin resistance को और बिगाड़ सकता है। जिससे वज़न और बढ़ता है, और PCOS के सभी symptoms और severe होते हैं।

Hyperthyroidism (thyroid ज़्यादा होना) + PCOS

Hyperthyroidism कम common है लेकिन इसमें भी period बिगड़ता है। Thyroid hormone बहुत ज़्यादा होने से periods बहुत कम हो जाते हैं या बंद हो जाते हैं।

PCOS के साथ यह combination weight loss, heart palpitations, और anxiety को और बढ़ा देता है।

PCOS में पीरियड के बारे में अधिक जानकारी के लिए PCOS में पीरियड क्यों नहीं आता पढ़ें।

PCOS का इलाज तब क्यों काम नहीं करता जब thyroid untreated हो

यह एक बहुत important बात है जो बहुत कम लोग जानते हैं।

मान लीजिए किसी को PCOS है और उनका thyroid भी slow है लेकिन thyroid का पता नहीं चला। Doctor ने PCOS की दवाएं दीं। कुछ महीने बाद भी period regular नहीं हुआ।

समस्या यह नहीं है कि PCOS की दवा काम नहीं कर रही। समस्या यह है कि thyroid की गड़बड़ी की वजह से prolactin बढ़ा हुआ है जो ovulation को रोक रहा है। जब तक thyroid treat नहीं होगा, PCOS का इलाज पूरा नहीं होगा।

इसीलिए PCOS की जांच में thyroid test ज़रूरी है। और अगर दोनों हों, तो दोनों का इलाज एक साथ होना चाहिए।

दोनों एक साथ हों तो fertility पर क्या असर होता है

PCOS अकेले fertility को प्रभावित करता है क्योंकि ovulation नहीं होती।

Hypothyroidism अकेले fertility को प्रभावित करता है क्योंकि यह ovulation और implantation दोनों को disturb करता है।

जब दोनों एक साथ हों:

  • Naturally conceive करना और मुश्किल हो जाता है
  • Ovulation induction medicines उतना काम नहीं करतीं
  • अगर pregnancy हो भी जाए तो miscarriage का खतरा बढ़ जाता है
  • IVF की success rate भी थोड़ी कम हो सकती है

लेकिन यह सब controllable है। अगर thyroid को पहले treat किया जाए और TSH level normal range में लाया जाए, तो fertility outcomes बहुत बेहतर हो जाते हैं।

PCOS में pregnancy के विकल्पों की जानकारी के लिए PCOS में pregnant होने का तरीका पढ़ें।

PCOS है तो Thyroid test क्यों ज़रूरी है: 4 ठोस वजहें

बहुत सी महिलाएं कहती हैं कि “मुझे PCOS है, thyroid test क्यों कराऊं?”

इन 4 वजहों से:

  1. Symptoms overlap करते हैं: थकान, वज़न, बाल झड़ना, irregular periods, यह सब दोनों में होते हैं। बिना thyroid test के पता नहीं चलेगा कि यह कौन सी condition की वजह से है।
  2. Untreated thyroid PCOS का इलाज slow करता है: PCOS की दवाएं तब ठीक से काम करती हैं जब thyroid normal हो।
  3. Fertility treatment से पहले thyroid normal होना ज़रूरी है: Ovulation induction या IVF से पहले TSH एक specific range में होना चाहिए।
  4. Pregnancy में thyroid की ज़रूरत: Pregnancy में thyroid hormone बच्चे के brain development के लिए ज़रूरी है। Uncontrolled thyroid pregnancy में risks बढ़ाता है।

थायराइड और पीरियड के रिश्ते को और गहराई से समझने के लिए थायराइड और पीरियड्स पढ़ें।

कैसे पता चलेगा कि PCOS है, thyroid है, या दोनों

इसके लिए तीन तरह की जांच होती हैं:

TSH Test: थायराइड की जांच

यह एक simple blood test है जो thyroid stimulating hormone को measure करता है। Normal range 0.5 से 4.5 mIU/L होती है।

  • TSH ज़्यादा हो: Hypothyroidism
  • TSH कम हो: Hyperthyroidism
  • TSH normal हो: Thyroid ठीक है, problem PCOS या कुछ और है

Pregnancy की कोशिश कर रही हों तो TSH 2.5 से नीचे होना ideal माना जाता है।

Hormone Panel: PCOS की जांच

LH, FSH, AMH, Testosterone, और Prolactin। इनसे PCOS confirm या rule out होता है।

अगर Prolactin बढ़ा हो, तो यह thyroid की वजह से भी हो सकता है। इसीलिए दोनों एक साथ check होना ज़रूरी है।

Pelvic Ultrasound: Ovaries की जांच

Ovaries में 12 से ज़्यादा follicles दिखें तो PCOS का एक संकेत। Thyroid ultrasound अलग से होता है अगर thyroid में गांठ का संदेह हो।

PCOS की जांच के बारे में पूरी जानकारी के लिए PCOS test कैसे होता है पढ़ें।

PCOS और Thyroid दोनों का इलाज: एक साथ होता है या अलग-अलग

दोनों का इलाज एक साथ होता है लेकिन sequence matter करता है।

पहला कदम: Thyroid को normal करना

Hypothyroidism में Thyroxine (T4) tablet दी जाती है। यह एक simple, safe दवा है जो thyroid hormone को replace करती है। TSH normal होने में 4 से 8 हफ्ते लग सकते हैं।

Thyroid normal होने पर अक्सर कुछ PCOS symptoms भी अपने आप कम हो जाते हैं, खासकर weight और period।

दूसरा कदम: PCOS का इलाज

Thyroid control के बाद PCOS के लिए:

  • Lifestyle changes: low GI diet, exercise, नींद, तनाव कम करना
  • Metformin: अगर insulin resistance हो
  • OCP: पीरियड regular करने के लिए
  • Ovulation induction: अगर pregnancy चाहिए

PCOD और PCOS की पूरी जानकारी के लिए PCOD और PCOS क्या होता है पढ़ें।

Lifestyle में क्या बदलाव दोनों को एक साथ manage करने में मदद करता है

कुछ lifestyle changes ऐसे हैं जो PCOS और thyroid दोनों के लिए helpful हैं:

  • Selenium-rich खाना: Selenium thyroid के लिए ज़रूरी है। Brazil nuts, sunflower seeds, और eggs में अच्छी मात्रा होती है।
  • Iodine balance: Iodine thyroid के लिए ज़रूरी है लेकिन बहुत ज़्यादा भी नुकसानदेह। Normal iodized salt सही है।
  • Cruciferous vegetables कम करें (raw form में): Raw cabbage, broccoli thyroid function को थोड़ा affect कर सकते हैं। पकाकर खाना ज़्यादा safe है।
  • Low GI diet: PCOS की insulin resistance के लिए ज़रूरी है।
  • Regular exercise: Insulin sensitivity improve करती है और thyroid metabolism को भी बेहतर बनाती है।
  • Stress management: Cortisol दोनों conditions को बिगाड़ता है।

डॉ. कौशल पटेल की सलाह

“जब कोई मरीज़ मेरे पास PCOS लेकर आती है, तो मैं हमेशा thyroid test भी recommend करता हूं। यह extra test नहीं है, यह ज़रूरी step है।

वापी और आसपास में बहुत सी महिलाएं हैं जिन्हें PCOS है और साथ में thyroid की समस्या भी है जो undetected रहती है। और वे सोचती हैं कि PCOS का इलाज हो रहा है लेकिन result नहीं आ रहा। असल में thyroid को treat किए बिना PCOS का पूरा फायदा नहीं मिलता।

दोनों conditions treatable हैं। दोनों manageable हैं। बस यह जानना ज़रूरी है कि दोनों हैं, और दोनों का एक साथ इलाज करना है।”

डॉ. कौशल पटेल
स्त्री रोग एवं प्रसूति विशेषज्ञ, IVF Specialist
संस्थापक, iSHA Women’s Hospital & IVF Centre, वापी
12,000+ सफल सर्जरी | 25,000+ परामर्श | 15+ वर्ष का अनुभव

सारांश: pcos aur thyroid ka period par asar

PCOS और thyroid दोनों अलग-अलग भी पीरियड को बिगाड़ते हैं और एक साथ हों तो असर दोगुना हो जाता है। PCOS में ovulation नहीं होती, thyroid में hormonal imbalance ovulation को और रोकता है। दोनों मिलकर fertility को और मुश्किल बनाते हैं।

PCOS की जांच में TSH test हमेशा शामिल होना चाहिए। अगर दोनों confirm हों, तो पहले thyroid को normal करें, फिर PCOS का targeted इलाज शुरू हो। इस sequence को follow करने पर results बहुत बेहतर आते हैं।

iSHA Women’s Hospital में PCOS और Thyroid दोनों की जांच एक साथ

PCOS है, thyroid test नहीं करवाया? या दोनों हैं और अलग-अलग doctors से इलाज ले रही हैं? iSHA Women’s Hospital, वापी में डॉ. कौशल पटेल के साथ एक consultation में दोनों की complete evaluation होती है।

  • Online Appointment: ishacare.in/book-appointment
  • पता: 2nd Floor, Raj Complex, D-Mart के पास, Chanod, वापी, गुजरात 396195
  • ईमेल: mail@drkaushal.in

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

1. क्या PCOS और thyroid एक साथ हो सकते हैं?

हाँ। दोनों reproductive age की महिलाओं में बहुत आम हैं और एक साथ हो सकते हैं। PCOS की जांच के साथ thyroid check करना recommended है क्योंकि दोनों के लक्षण overlap करते हैं।

2. PCOS है तो thyroid test कब कराना चाहिए?

PCOS confirm होते ही TSH test करवाएं। Fertility treatment शुरू करने से पहले तो ज़रूर। Pregnancy की कोशिश कर रही हों तो TSH 2.5 से नीचे होना ideal है।

3. PCOS और thyroid दोनों में period पर क्या होता है?

दोनों मिलकर period को और ज़्यादा अनियमित करते हैं। PCOS में ovulation नहीं होती, thyroid में prolactin बढ़ता है जो ovulation को और रोकता है। Period 60, 90 दिन या उससे ज़्यादा के बाद आ सकता है।

4. Thyroid का इलाज करने से PCOS में फर्क पड़ता है?

हाँ, बहुत फर्क पड़ता है। Thyroid normal होने पर prolactin कम होता है, ovulation बेहतर हो सकती है, और PCOS की दवाएं ज़्यादा effective होती हैं। इसीलिए sequence ज़रूरी है।

5. PCOS और thyroid दोनों में वज़न इतना ज़्यादा क्यों बढ़ता है?

PCOS में insulin resistance fat store करती है। Hypothyroidism में metabolism slow होता है तो fat burn नहीं होता। दोनों एक साथ हों तो वज़न कम करना बहुत मुश्किल हो जाता है। इसीलिए दोनों का इलाज एक साथ ज़रूरी है।

6. PCOS और thyroid में बाल झड़ने की वजह क्या है?

PCOS में androgens hair follicles को कमज़ोर करते हैं। Thyroid में thyroid hormone कम होने से hair growth cycle disturb होती है। दोनों एक साथ हों तो बाल झड़ना severe हो सकता है। उचित treatment से दोनों में improvement होती है।

7. PCOS और thyroid में pregnancy के क्या risks होते हैं?

Uncontrolled thyroid pregnancy में miscarriage, gestational diabetes, और baby के brain development पर असर कर सकता है। PCOS में भी miscarriage का risk थोड़ा ज़्यादा होता है। Pregnancy से पहले दोनों control में हों तो risk बहुत कम हो जाता है।

8. PCOS है और thyroid भी, तो IVF होगी?

ज़रूरी नहीं। पहले lifestyle changes और ovulation induction try होता है। IVF तब होती है जब बाकी तरीके काम न करें। लेकिन IVF से पहले TSH normal होना ज़रूरी है।

9. क्या PCOS और thyroid दोनों के लिए अलग-अलग doctor से मिलना होगा?

Ideally नहीं। एक अच्छे gynecologist या endocrinologist के पास दोनों का management हो सकता है। iSHA Women’s Hospital, वापी में डॉ. कौशल पटेल दोनों की evaluation और management एक ही consultation में करते हैं।

10. PCOS और thyroid दोनों में lifestyle क्या role करती है?

बहुत बड़ा role। Low GI diet, regular exercise, stress management, और adequate sleep दोनों conditions को improve करते हैं। Thyroid के लिए selenium-rich foods और PCOS के लिए low carb diet, दोनों मिलकर एक balanced approach बनाते हैं। iSHA में appointment लेकर personalized lifestyle plan भी बनवा सकती हैं।

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